
उन्नत सामग्री एवं बैटरी केंद्र (CAMB) कार्यात्मक सामग्रियों, उन्नत नैनो-सामग्रियों, उच्च तापमान वाली सामग्रियों और अगली पीढ़ी की ऊर्जा भंडारण प्रणालियों के क्षेत्रों में अत्याधुनिक अनुसंधान, प्रौद्योगिकी विकास और प्रौद्योगिकी हस्तांतरण के लिए समर्पित है। राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संबंधी आवश्यकताओं को पूरा करने के मजबूत अधिदेश के साथ, यह केंद्र विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों के लिए बड़े पैमाने पर उत्पादन योग्य, किफायती और उच्च-प्रदर्शन वाले सामग्री समाधान विकसित करने हेतु बहुविषयक विशेषज्ञता को एक साथ लाता है।
CAMB का अनुसंधान एवं विकास (R&D) पोर्टफोलियो उन्नत सामग्रियों की व्यापक श्रेणी को समेटता है—जिसमें ऊर्जा भंडारण सामग्री, तापीय इन्सुलेशन के लिए एरोजेल, चरम परिस्थितियों के लिए ऑक्साइड-विक्षेपण-मजबूत (ODS) मिश्रधातुएँ, रोगाणुरोधी और जैव-चिकित्सकीय अनुप्रयोगों के लिए नवीन नैनो-संरचित सामग्री, तथा एडिटिव मैन्युफैक्चरिंग और पर्यावरण सुधार के लिए उच्च-मूल्य वाले कार्यात्मक पाउडर शामिल हैं। केंद्र ने सतत सामग्रियों के क्षेत्र में भी महत्वपूर्ण क्षमता विकसित की है, जिसमें नैनो-उर्वरक, जैव-अपघटनीय मिश्रधातुएँ, प्रत्यारोपण उपकरणों के लिए जैव-अनुकूल कोटिंग्स और जल शुद्धिकरण के लिए छिद्रयुक्त शोषक सामग्री शामिल हैं।
CAMB का एक प्रमुख क्षेत्र विद्युत-रासायनिक ऊर्जा भंडारण है। केंद्र लिथियम-आयन, सोडियम-आयन, लिथियम-सल्फर बैटरी और सुपरकैपेसिटर प्रौद्योगिकियों पर केंद्रित कई कार्यक्रमों का नेतृत्व करता है। इनमें कार्बन-लेपित LFP, NVP, हार्ड-कार्बन एनोड, धातु/धातु-ऑक्साइड-संशोधित कैथोड का विकास तथा बेलनाकार और पाउच सेल का पायलट-स्तर पर निर्माण शामिल है। स्वदेशी प्रक्रियाओं और बड़े पैमाने पर उत्पादन की क्षमता पर जोर देते हुए, CAMB का लक्ष्य प्रयोगशाला में हुए नवाचारों को व्यावसायिक रूप से व्यवहार्य उत्पादों में बदलने की प्रक्रिया को तेज करना है।
हाल ही में, ऊर्जा भंडारण के लिए लिथियम आयरन फॉस्फेट (LFP) कैथोड पाउडर सामग्री तथा प्रभावी तापीय इन्सुलेशन के लिए सिलिका एरोजेल की लचीली शीटों से संबंधित प्रौद्योगिकियाँ व्यावसायीकरण हेतु उद्योगों को हस्तांतरित की गई हैं।
अपने व्यापक अनुसंधान कार्यक्रमों, उद्योगों के साथ मजबूत सहयोग और प्रभावशाली नवाचार के प्रति प्रतिबद्धता के माध्यम से, CAMB भारत के बढ़ते सामग्री एवं ऊर्जा पारितंत्र में योगदान देता रहता है और ऐसी प्रौद्योगिकियों को विकसित करता है जो सतत तथा उच्च-प्रदर्शन वाले भविष्य का समर्थन करती हैं।